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13 Dec, 2024
05:30 PM
आंबेडकर ने मुस्लिम पर्सनल लॉ को सरकारी दखल से बाहर रखने का विरोध क्यों किया?
डॉ. भीमराव आंबेडकर ने संविधान सभा में मुस्लिम पर्सनल लॉ पर सरकारी हस्तक्षेप का समर्थन करते हुए इसे सुधारने की बात कही। उन्होंने तर्क दिया कि धार्मिक कानूनों को संविधान के सिद्धांतों के अनुरूप होना चाहिए ताकि महिलाओं और समाज के कमजोर वर्गों के अधिकार सुरक्षित रहें। आंबेडकर का मानना था कि समान नागरिक संहिता भारत को एक प्रगतिशील और न्यायपूर्ण राष्ट्र बनाने में मदद करेगी।