Syria में तख्तापलट के बीच Israel के खेल से भयंकर भड़के मुस्लिम देश
इज़रायल ने बड़ा खेल करते हुए सीरिया से लगते गोलान हाईट्स के एक बड़े इलाक़े पर नियंत्रण कर लिया है…इसके अलावा इलाके की डेमोग्राफी बदलने की भी पूरी तैयारी है…पीएम बेंजामिन नेतन्याहू की अध्यक्षता में इज़रायली कैबिनेट ने 11 मिलियन डॉलर के एक फंड को मंजूरी दी है..
17 Dec 2024
(
Updated:
10 Dec 2025
10:49 PM
)
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सीरिया में तख्तापलट हो चुका है। राष्ट्रपति बशर अल - असद और उनके परिवार का 50 साल पुराना शासन महज़ 11 दिन में ख़त्म हो गया। असद के सीरिया छोड़कर रूस भाग जाने के बाद इज़रायल, तुर्की और अमेरिका ताबड़तोड़ तरीक़े से बमबाज़ी कर रहे हैं। और इस बीच इज़रायल ने बड़ा खेल करते हुए सीरिया से लगते गोलान हाईट्स के एक बड़े इलाक़े पर नियंत्रण कर लिया है। इसके अलावा इलाके की डेमोग्राफी बदलने की भी पूरी तैयारी है।
पीएम बेंजामिन नेतन्याहू की अध्यक्षता में इज़रायली कैबिनेट ने 11 मिलियन डॉलर के एक फंड को मंजूरी दी है। इसके तहत वहां पर कॉलोनी बसाई जाएंगी, उद्योगों को विकसित किया जाएगा और एक स्टूडेंट विलेज भी बनेगा। इसके ज़रिए वहां यहूदियों की आबादी में इजाफा किया जाएगा ताकि संतुलन हो सके। नेतन्याहू ने कैबिनेट मीटिंग के बाद कहा कि गोलान हाइट्स में खुद को ताकतवर बनाना एक तरह से इजरायल को ही मजबूत करना है। इजरायल का कहना है कि यह प्लान फिलहाल उसके नियंत्रण वाले इलाके के लिए ही है। 1967 की मशहूर 6 दिनों की जंग में गोलान हाइट्स के इलाके को इज़रायल ने जीत था। फिर 1981 में इजरायल ने विलय कर लिया था लेकिन ज्यादातर अरब देश इज़रायल की ओर से इस क़ब्ज़ा किया हुआ ही मानते हैं और इसे मंज़ूरी नहीं देते हैं। लेकिन अमेरिका की ओर से 2019 में इसे इजरायली इलाके के तौर पर मंजूरी दे दी थी।
लेकिन अब इज़रायल के गोलान हाइट्स के लिए इस नए प्लान की वजह से कई मुस्लिम देश इजराल पर भड़के हुए हैं। सऊदी अरब के साथ ही कतर, संयुक्त अरब अमीरात और इराक ने गोलान हाइट्स में इजरायली कदम की आलोचना की है।सऊदी विदेश मंत्रालय ने कहा कि इजरायल का यह कदम 'सीरिया की सुरक्षा और स्थिरता बहाल करने की संभावनाओं को लगातार नुकसान पहुंचा रहा है।' बयान में गोलान हाइट्स को सीरिया की जमीन बताया गया। मिडल ईस्ट के एक और देश यूएई ने भी इज़रायल के इस कदम की निंदा की है। औऱ कहा है कि इस कदम से क्षेत्र में तनाव और बढ़ने का खतरा है।
सीरिया में असद परिवार का राज उखाड़ फेंकने के बाद विद्रोही गुट हयात तहरीर अल-शाम सीरिया पर नई हुकूमत का ख्वाब देख ही रहा था कि इजरायल ने सीरिया पर निगाहें टेढ़ी कर दी। 8 दिसंबर से इजरायली सेना सीरिया के अलग-अलग इलाकों पर 800 से ज्यादा एयरस्ट्राइक कर चुकी है। अब इजरायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने अपने इरादे साफ किए हैं। और वो अपने देश के लिए कुछ भी करने को तैयार हैं वो ये पहले ही साफ़ कर चुके हैं।
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