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प्रियंका गांधी वाड्रा ने बिहार में भाजपा के नेतृत्व वाली डबल इंजन सरकार की आलोचना की

प्रियंका गांधी वाड्रा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में कहा, "बिहार में तीन दिन के अंदर दूसरी बार छात्रों पर अत्याचार किया गया। परीक्षाओं में भ्रष्टाचार, धांधली, पेपर लीक रोकना सरकार का काम है। लेकिन भ्रष्टाचार रोकने की जगह छात्रों को आवाज उठाने से रोका जा रहा है। इस कड़ाके की ठंड में युवाओं पर पानी की बौछार और लाठी चार्ज करना अमानवीय है। भाजपा का डबल इंजन युवाओं पर डबल अत्याचार का प्रतीक बन गया है।"

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30 Dec 2024
( Updated: 30 Dec 2024
01:59 PM )
प्रियंका गांधी वाड्रा ने बिहार में भाजपा के नेतृत्व वाली डबल इंजन सरकार की आलोचना की
कांग्रेस नेता और वायनाड से सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने सोमवार को पटना में छात्रों को कथित रूप से "प्रताड़ित" करने के लिए बिहार में भाजपा के नेतृत्व वाली डबल इंजन सरकार की आलोचना की। 

बीते रविवार को पटना पुलिस ने 70वीं बीपीएससी संयुक्त प्रारंभिक परीक्षा में कथित अनियमितताओं के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हजारों अभ्यर्थियों को तितर-बितर करने के लिए लाठीचार्ज किया और उन पर पानी की बौछार की।

परीक्षाओं में भ्रष्टाचार, धांधली, पेपर लीक रोकना सरकार का काम - प्रियंका गांधी वाड्रा


प्रियंका गांधी वाड्रा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में कहा, "बिहार में तीन दिन के अंदर दूसरी बार छात्रों पर अत्याचार किया गया। परीक्षाओं में भ्रष्टाचार, धांधली, पेपर लीक रोकना सरकार का काम है। लेकिन भ्रष्टाचार रोकने की जगह छात्रों को आवाज उठाने से रोका जा रहा है। इस कड़ाके की ठंड में युवाओं पर पानी की बौछार और लाठी चार्ज करना अमानवीय है। भाजपा का डबल इंजन युवाओं पर डबल अत्याचार का प्रतीक बन गया है।"

बता दें कि व्यापक अनियमितताओं के आरोपों को लेकर परीक्षा रद्द करने की मांग कर रहे प्रदर्शनकारियों ने गांधी मैदान के पास धरना दिया तथा पुलिस के हस्तक्षेप के बावजूद सड़क खाली करने से इनकार कर दिया। जैसे ही प्रदर्शन तेज हुआ, पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पहले पानी की बौछार की। जब इससे भी कोई फायदा नहीं हुआ, तो लाठीचार्ज किया गया, जिससे कई प्रदर्शनकारी घायल हो गए।

छात्रों ने आरोप लगाया कि उनके खिलाफ आंसू गैस और अत्यधिक शारीरिक बल का इस्तेमाल किया गया और दावा किया कि उन्हें जबरन सड़कों से घसीटा गया। महिला उम्मीदवारों ने भी झड़प के दौरान दुर्व्यवहार की बात कही।

इन विरोध प्रदर्शनों के मद्देनजर, बिहार लोक सेवा आयोग ने लगभग 12,000 उम्मीदवारों के लिए 70वीं एकीकृत संयुक्त प्रतियोगी (प्रारंभिक) परीक्षा (सीसीई) की पुनः परीक्षा की घोषणा की। 4 जनवरी, 2024 को होने वाली पुनः परीक्षा में विशेष रूप से वे उम्मीदवार शामिल होंगे जो 13 दिसंबर को पटना के बापू परिसर परीक्षा केंद्र में उपस्थित हुए थे।

Input: IANS

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