सस्ते घर देने के लिए बड़ा ऐलान, 5 लाख की सालाना कमाई वालों को होगा फायदा !
Uttarakhand की Dhami सरकार ने बुधवार को कैबिनेट मीटिंग के दौरान कई बड़े फैसले लिये जिसके तहत गरीबों को आवास देने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है और अब पांच लाख रुपये सालाना आय वालों को भी मिल सकेगा सस्ता घर !
12 Dec 2024
(
Updated:
08 Dec 2025
12:22 AM
)
Follow Us:
देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हर गरीब को घर देने के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना की जो शुरुआत की थी। उसे उत्तराखंड की धामी सरकार ने जमीन पर उतारने के लिए पूरी ताकत झोंक दी है। जिसका सबसे बड़ा उदाहरण उस वक्त देखने को मिला जब बुधवार को ही कैबिनेट बैठक में सीएम धामी ने गरीबों को सस्ता घर दिलाने के ऐतिहासिक फैसला लिया। जिसके तहत अब पांच लाख रुपये सालाना कमाई करने वालों को भी सरकार की ओर से सस्ता घर दिया जाएगा।
दरअसल 11 दिसंबर को सीएम पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक हुई जिसमें सरकार ने ऐतिहासिक फैसला लेते हुए ऐलान किया कि अब तक उत्तराखंड में आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग यानि EWS के तहत तीन लाख सालाना इनकम वालों को सस्ता घर दिया जा रहा था। उसे बढ़ाकर अब पांच लाख रुपये कर दिया गया है। यानि EWS के दायरे में आने वाले परिवार की सालाना इनकम अगर पांच लाख रुपये है तो उसे भी सरकार की ओर से सस्ता घर दिया जाएगा। इतना ही नहीं आवास खरीदने वाले व्यक्ति को राज्य सरकार की ओर से दी जाने वाली सब्सिडी भी डेढ़ लाख रुपये से बढ़ाकर दो लाख रुपये कर दी गई है। इस बारे में उत्तराखंड की आवास सचिव आर मीनाक्षी सुंदरम ने बताया। "भारत सरकार की PMGAY योजना में इकोनॉमी वीकर सेक्शन को टारगेट किया गया है, इसी तरह आवास नीति की पहली पॉलिसी में सिर्फ इकोनॉमी वीकर सेक्शन को ही टारगेट किया गया था लेकिन आमतौर पर यह देखा गया है कि LIG और LMIG में आवास डिमांड और आवास की सप्लाई में काफी अधिक अंतर है जिसको पूरा करने के लिए इस आवास नीति में LIG और LMIG को भी तमाम रियायतें दी गई हैं"
इतना ही नहीं मकानों की सेलिंग प्राइस भी तय कर दी गई है। EWS मकान सेलिंग प्राइस 9 लाख रुपये, LIG मकान की सेलिंग प्राइस 14 लाख रुपये और LMIG मकान की सेलिंग प्राइस 25 लाख रुपये रखी गई है। सस्ते आवास उपलब्ध कराने के लिए आवास नीति में बदलाव करने के साथ ही पहाड़ी इलाकों में बने वाले रो हाउस के लिए भी सरकार ने पहली बार बड़ा ऐलान किया है। जिसके तहत अगर कोई डेवलपर इस प्रोजेक्ट को लेकर आता है तो सरकार प्रोजेक्ट पूरा होने के बाद कनेक्टिविटी के लिए सड़क निर्माण करवाएगी। इसके साथ ही प्रोजेक्ट में भी पर यूनिट सब्सिडी देगी धामी सरकार। ये तो रही आवास को लेकर सरकार की योजनाएं। तो वहीं किन्नर समाज के लिए भी धामी सरकार ने एक बड़ा ऐलान किया है। जिसके तहत उनकी मदद के लिए पर्सनल कल्याण बोर्ड का गठन किया जाएगा। यानि धामी सरकार में देवभूमि की आम जनता के साथ ही ट्रांसजेंडर समुदाय का भी खयाल रखा जा रहा है। जिसका सबसे बड़ा उदाहरण है उनके लिए पर्सनल कल्याण बोर्ड के गठन का ऐलान।
कृपया Google से लॉग इन करें टिप्पणी पोस्ट करने के लिए
Google से लॉग इन करें